Marriage discussion between group Admin and Some daughter father know Hindi / विवाह पर चर्चा ग्रुप एडमिन और बेटियो के पिता के बीच जाने

Marriage discussion between group Admin and  some daughter father know Hindi /, विवाह पर चर्चा ग्रुप एडमिन और बेटियो के पिता के बीच जाने

ग्रुप एडमिन के दफ्तर में कुछ बेटियो के पिता पहुंचे और अपनी बेटियो की तारीफ के पुलंधे बांधे। एडमिन सर बोले मुंह से बोलने से कुछ नही होने वाला है बायोडाटा दीजिए और उसमे सब कुछ मेंशन कीजिए। एक बेटी के पिता से एडमिन सर बोले आपने बेटी के पैकेज के बारे में नही लिखा बेटी का पैकेज क्या है बेटी के पिता बोले  वह पढ़ी लिखी है अभी जॉब नही कर रही है फिलहाल फ्रीलेंसिंग कर रही है आखिर कितना महीने में कमा लेती है एडमिन सर जी बस कुछ कमा लेती है कुछ तो कमाती होगी। अच्छा ये बताओ साल भर में कितना कमाती है तब बड़ी मुस्कील से बोले एक लाख पिछले साल कमाई थी और इस साल दो लाख तक कमा लेगी। एडमिन सर बोले आपने लड़का तो  सात से दस लाख वाला चाहिए लिखा है हा वो तो लिखा है बेटी कह रही है आजकल महंगाई बढ़ गई है इससे कम में काम नही चलेगा। बेटी कह रही है दिल्ली में फ्लैट किराए पर 20 हजार  से कम में नहीं मिलते है और मुझे हाई सिक्योरिटी जोन में रहना है चाहे तो इससे महंगा घर भी मिले तो अच्छा है। एडमिन सर बोले लगता है  लगता है आपने बहुत रुपया जोड़ कर रखा है जो इस तरह की बेतुका डिमांड कर रहे हो क्या बेटी की शादी में महंगी गाड़ी देने का इरादा है बेटी के पिताजी बोले नही एडमिन सर हम तो सामान्य परिवार के है हमारे पास गाड़ी देने के रुपए कहा , हम तो सामान्य तरीके से ही बेटी का विवाह करेगे। एडमिन सर बोले  तुम कह रहे हो देने के लिएं खास कुछ है नही, बेटी का पैकेज भी नही है , और सपने देख रहे हो लाखो कमाने के दामाद के। एडमिन सर बोले फिलहाल कोई इस तरह का लड़का हमारी नजर में उपलब्ध नही है आप कुछ साल इंतजार करे ,  जब भविष्य में कोई मिल जायेगा तो आपको सूचित कर दूंगा। 

कुछ देर बाद एक और बेटी का पिता एडमिन सर के पास पहुंचा और अपनी बेटी का बायोडाटा दिया उनके साथ भी लगभग यही समस्या थी। बेटी ने अच्छी पढ़ाई की थी बेटी पोस्ट ग्रेजुएट थी बीएड किया था साथ ही सीटेड क्लियर थी उनसे जब एडमिन सर ने बेटी के पैकेज के बारे में पूछा तो इधर उधर देखने लगे जब एडमिन सर ने दुबारा टोका तो बोले अभी तो जॉब को एक साल ही हुआ है एडमिन सर फिर बोले अरे कुछ तो कमाती होगी फिर बड़ी मुस्कील से बोले बीस हजार महीने में मिल रहे है। एडमिन सर बोले तो आपने लड़का तो आठ से दस लाख पैकेज का चाहिए लिखा है बेटी के पिताजी बोले बेटी की सरकारी जॉब लगने वाली है इसी को सोच कर मांग रहे है एडमिन सर बोले अभी लगी तो नही क्या गारंटी है की सरकारी जॉब लग ही जायेगी लाखो बेरोजगार पढ़े है। बेटी के पिताजी चुप हो गए बोले फिलहाल तो यही सोच रखा है जब बेटी की उम्र जरूरत से ज्यादा हो जायेगी तब सोचेंगे। एडमिन सर ये सोच कर माथा पकड़ लेते है अगर गलती से ये हमारे जमाने में होता तो पता नही हमारा क्या हाल होता फिर  एडमिन  सर मन मन बोले क्या जमाना आ गया।

एडमिन ऑफिस से जैसे ही उठने वाले थे की एक तीसरे शक्स की एंट्री हुई वो भी एक बेटी के पिता थे  और एडमिन सर को बायोडाटा देकर बोले की मेरी बेटी के योग्य लड़का नही मिल रहा है एडमिन सर बोले क्यों। बेटी के पिता बोले मेरी तीन बेटियां है उनके पैकेज इस प्रकार है पहली बेटी का पैकेज 25 लाख है उम्र 34 साल है  दूसरी बेटी का पैकेज 18 लाख का है उम्र 30 साल है तीसरी बेटी का पैकेज 13लाख का है उम्र 28 साल है। एडमिन सर बोले आपकी बेटी का तो अच्छा पैकेज है और आप कह रहे है की देखने में भी ठीक है तो फिर बात कहा अटकी। बेटी के पिताजी बोले पैकेज ज्यादा होने की वजह से ही तो उसके लेबिल का लड़का नही मिल रहा है। अगर कोई लड़का बड़ी मुस्कुल से मिल भी रहा है तो कुंडली नही मिल पा रही है  और कुंडली मिल रही है तो लड़के वाले हाइट मांग रहे है। कही कुंडली गुण सब मिल रहे है लेकिन मंगल किसी एक का भारी हो जाता है। सब कुछ ठीक होने पर संतान भाव में राहु या शनि होने पर भी लोग बात आगे नही बदाते । अब समझिए की कुंडली मिलान से विवाह कितना जटिल । कुंडली मिलाना भी जरूरी है आखिर दोनो के भविष्य की जो बात है। 

अंत में विद्वान एडमिन ने सबको सुझाव दिया की रुपया ,धन दौलत सब कुछ नही होता है  एक बेटे के पिता को योग्य गुणी कन्या की तलाश करनी चाहिए। जो पैकेज की बात करे उनसे दूर रहे और यही सलाह उन्होंने बेटी के पिता लोगो को भी दी की आपको पैकेज के पीछे नहीं वल्कि एक योग्य पढ़े लिखे दामाद की तलाश करनी चाहिए जो लोग दौलत को ज्यादा महत्व देते है उनके साथ कभी कभी तो किस्मत ठीक रहने पर  ठीक सा रिश्ता मिल जाता है और जब भाग्य में ही अच्छा रिश्ता नही लिखा है तो लाख कोशिश कीजिए मिलेगा वही जो किस्मत को मंजूर इसलिए बहुत ज्यादा सोचना विचारना भी बहुत बार अपने लिए घातक हो जाता है अगर ऊपर वाले ने किस्मत 40साल में खुलेगी  लिखी है तो 30साल में भाग्य का वो सुख नहीं मिल पाएगा वो तो चालीस साल पर ही मिलेगा। ।  यदि किस्मत में पैकेज धन दौलत लिखी होगी तो वह एक दिन जरूर मिलेगी। उन्होंने अनेक उदाहरण दिया की मेने अपने जीवन में अनेक लोग देखे जिनका भाग्य शादी के बाद ही खुला । इसलिए चिंता की कोई बात नही भाग्य से बढ़ कर कुछ नही जो लिखा है आखिर होना वही है।

आज सुबह एडमिन सर के पास दो बुजुर्क पहुंचे अपनी बेटी के विवाह के लिए एडमिन ने जब जानकारी चाही तो उनमें से एक ने अपनी बेटी का बायोडाटा पेस किया । जिसमे जन्म तिथि 5मार्च ,1997 थी । एडमिन सर ने बायोडाटा की जांच अच्छे से की और  संतुष्ट हुए। लेकिन जब एडमिन सर बोले की विवाह कब तक करना चाह रहे है तब वह बोले की अभी तो बच्ची छोटी है फिर भी देख रहे है एडमिन सर बोले जब शादी अभी नही करनी है तब बायोडाटा देने का क्या फायदा तब वह बुजुर्क से दिखने वाले शख्स बोले की यह तो हम इस लिए दे रहे है की कही कोई अच्छा लड़का सरकारी जॉब वाला या बड़े पैकेज वाला मिल जाय कही तो मौके का फायदा उठाने के लिए इतनी जल्दी से बायोडाटा डाल रहे है । जल्दी वाजी में बड़ा पेकेज और अच्छा लड़का नही मिल पाता है अच्छा लड़का तलाश करने में दो तीन साल लग जाते है। अभी तो हमारी बेटी की उम्र 26या 27होगी समझो अभी तो वह बच्ची है उनसे बड़ी  उम्र के लोगो का भी अभी तक विवाह नही हुआ है । हम तो इसलिए बायोडाटा अभी से डाल रहे है की कोई बाडिया सा कमाने वाला दामाद मिल जाए और बेटी भी सकून से रहे और हम चिंता मुक्त हो जाए।


 उनके साथ जो दूसरे सज्जन आए थे जब उनसे बात हुई तो उन्होंने अपने बच्चो की विवाह की बात बताई और बोले की मेरी बेटी के लिए लड़का तीन साल पहले ही मिल गया था लेकिन उस समय उसका पैकेज कम था तो हमने विवाह से मना कर दिया और हमने अनेक जगह लड़के तलाश किए अनेक जगह उनका बायोडाटा डाला लेकिन तीन साल बाद फिर हमारे सामने वही बायोडाटा फिर आया और हमने लड़को वालो के पास फिर बात बड़ाई लड़के वाले सज्जन थे उन्होंने हमारी बात तो मानी लेकिन जब हम उनके घर लड़के को देखने गए तो हमे शर्म और ग्लानि हो रही थी क्योंकि जिस लड़के को हमने उसके पैकेज के लिए मना किया अपनी शान के लिए , आज हम उसी लड़के से रिश्ता करते खुश तो थे लेकिन हमने जितना लड़के वालो को नचाया था वो सब आज हमारी आखों के सामने घूम घूम के आ रहा था। इसलिए आप कोई ऐसी गलती नही करे जो पीछे पस्ताना पड़ेगा क्योंकि ये एक सत्य घटना पर आधारित है।आपके आसपास भी ऐसे अनेक घटनाएं होती होगी इसलिए आप उन जैसे नही बने वल्कि खुद को सही साबित करे। ब्लॉक अच्छा लगे तो अधिक लोगो को शेयर जरूर करे। यह ब्लॉग समाज में जागरूपता के लिए लिखा गया है किसी के दिल को चोट पहुंचाने का कोई इरादा नहीं। पढ़ने के लिए धन्यवाद। 















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